नैनीताल मंडल को 19, टनकपुर और देहरादून मंडल को मिलीं 20-20 बसें, बीएस-06 मानकों से लैस बसों से यात्रियों को मिलेगी बेहतर सुविधा
देहरादून। उत्तराखंड में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को मजबूत करने के लिए परिवहन निगम के बेड़े में 59 नई साधारण बसें शामिल की गई हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को मुख्यमंत्री आवास से इन बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। बीएस-06 उत्सर्जन मानकों के अनुरूप तैयार इन बसों के संचालन से प्रदेश के विभिन्न मार्गों पर यात्रियों को सुरक्षित और सुविधाजनक परिवहन सेवा उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
नई बसों का आवंटन प्रदेश के तीन मंडलों में किया गया है। इनमें नैनीताल मंडल को 19, जबकि टनकपुर और देहरादून मंडल को 20-20 बसें दी गई हैं। इन बसों का संचालन जरूरत के अनुसार अलग-अलग मार्गों पर किया जाएगा। इससे खासतौर पर पर्वतीय और दूरस्थ क्षेत्रों में सार्वजनिक परिवहन सेवाओं को बेहतर बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार सार्वजनिक परिवहन सेवाओं के विस्तार और आधुनिकीकरण के लिए लगातार प्रयास कर रही है। पर्वतीय एवं दुर्गम क्षेत्रों में सुरक्षित, सुगम और सुविधाजनक आवागमन की व्यवस्था करना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के अंतिम छोर पर बसे गांवों तक विकास का लाभ पहुंचाने के लिए बेहतर सड़क संपर्क के साथ मजबूत सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था भी जरूरी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नई बसों के शामिल होने से विभिन्न क्षेत्रों के बीच संपर्क मजबूत होगा। इससे स्थानीय निवासियों के साथ-साथ उत्तराखंड आने वाले पर्यटकों को भी आवागमन में सुविधा मिलेगी। बेहतर परिवहन सेवाएं दूरस्थ क्षेत्रों में आर्थिक और सामाजिक गतिविधियों को बढ़ावा देने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
वर्तमान में उत्तराखंड परिवहन निगम के बेड़े में कुल 1,276 बसें संचालित हैं। इनमें निगम की अपनी 891 और 385 अनुबंधित बसें शामिल हैं। अब 59 नई बसों के शामिल होने से निगम की परिवहन सेवाओं को और मजबूती मिलेगी। बीएस-06 उत्सर्जन मानकों वाली इन बसों से पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी सकारात्मक योगदान मिलने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री ने परिवहन विभाग और निगम के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को नई बसों के संचालन के लिए बधाई दी। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि प्रदेश के प्रत्येक क्षेत्र को बेहतर परिवहन सुविधाओं से जोड़ा जाए, ताकि विकास की दौड़ में कोई भी क्षेत्र पीछे न रहे।
कार्यक्रम में परिवहन मंत्री प्रदीप बत्रा, समाज कल्याण मंत्री खजान दास, विधायक भूपाल राम टम्टा, सचिव एवं परिवहन आयुक्त रविनाथ रामन सहित परिवहन विभाग और उत्तराखंड परिवहन निगम के अधिकारी मौजूद रहे।


